सरपंच लाल बाबू सहनी को दरोगा द्वारा बराबर पिटाई करने जैसी घटना धार निंदनीय
खगड़िया/मुजफ्फरपुर
बिहार प्रदेश पंच सरपंच संघ के प्रदेश उपाध्यक्ष सह खगड़िया जिला अध्यक्ष किरण देव यादव ने मुजफ्फरपुर जिला के बांद्रा प्रखंड के बड़गांव के सरपंच लाल बाबू साहनी को पीयर थाना प्रभारी के सहयोगी दरोगा द्वारा बर्बर पीटाई करने की घटना की घोर निंदा किया है। तथा आक्रोश व्यक्त करते हुए श्री यादव ने दरोगा को त्वरित बर्खास्त करने, घटना का उच्च स्तरीय जांच करने, घायल सरपंच को बेहतर इलाज कराने, सुरक्षा देने, की मांग डीजीपी विनय कुमार, मुख्यमंत्री नीतीश कुमार एवं मुजफ्फरपुर एसपी से किया है।
श्री यादव ने खगड़िया जिला कार्यकारिणी कमेटी की बैठक कर उपरोक्त घटना की घोर निंदा किया तथा खगड़िया सहरसा बेगूसराय समस्तीपुर मुजफ्फरपुर वैशाली दरभंगा मधुबनी पटना के जिला अध्यक्ष के नेतृत्व में 10 जिला अध्यक्षों का जांच टीम मुजफ्फरपुर पहुंचने, जांच रिपोर्ट के आलोक में पंचायती राज मंत्री, डीजीपी, मुजफ्फरपुर एसपी से मिलकर दरोगा को बर्खास्त करने की मांग करने, अन्यथा आंदोलन तेज करने, का निर्णय लिया गया।
इधर, प्रदेश अध्यक्ष अमोद कुमार निराला ने घटना की कड़ी निंदा किया तथा कहा कि जो भी संभव हो पड़ेगा संघ संगठन पंच सरपंच पीड़ित के साथ है।
संघ के प्रदेश संयोजक पुष्पेंद्र ठाकुर, उपाध्यक्ष वशिष्ठ निषाद, समस्तीपुर जिला अध्यक्ष महेश राय, सहरसा जिला अध्यक्ष विनोद यादव, मुजफ्फरपुर जिला अध्यक्ष मनोज कुमार, भागलपुर जिला अध्यक्ष रंजीत यादव, बांका जिला अध्यक्ष अमित दुबे, कैमूर जिला अध्यक्ष दिलीप सिंह, मुजफ्फरपुर के जनार्दन सिंह आदि ने घटना की तीव्र निंदा करते हुए आक्रोश व्यक्त किया। कहा कि आज एक सरपंच के साथ दरोगा द्वारा घटना की जाती है तो कल अन्य सरपंच के साथ घटना कर सकता है। उक्त स्थिति में एकजुट होकर सरपंच संघ का आंदोलन तेज हो एवं दरोगा को बर्खास्त किया जाए।
श्री यादव ने संचार के माध्यम से स्थलीय जांच रिपोर्ट के आधार पर कहा कि किसी कार्यक्रम के मद्देनजर एक डीजे वाले ने थाना से लाइसेंस लेने गया, दरोगा ने बड़ी रकम मांगा, दोनों के बीच कहासुनी होने लगी और दरोगा ने डीजे वाले के साथ मारपीट करने लगा, उसी क्रम में सरपंच ने मोबाइल से वीडियो बनाने लगा, इसी पर दरोगा ने बूट पहने जूते से सरपंच के हाइड्रोसील पर जान मारने के नीयत से लात से प्रहार किया तथा पीट पीट कर पैर तोड़ दिया। आमजन आक्रोशित हो उठा, दरोगा एवं थाना को आक्रोशित भीड़ ने बंधक बना लिया, तत्पश्चात बड़ी मशक्कत से डीएसपी ने किसी प्रकार आमजनों को समझा बूझाकर बंधक बने दरोगा को मुक्त कराया। स्थिति तनावपूर्ण किंतु नियंत्रण में है।
दरोगा को जल्द ही एसपी बर्खास्त नहीं करती है तो बड़ी आंदोलन का आगाज की संभावना है। इसलिए समय रहते एसपी डीजीपी सरकार जल्द पहल कर दरोगा को बर्खास्त किया जाय।
इधर, पीड़ित सरपंच लाल बहादुर साहनी अस्पताल में भर्ती इलाजरत है। उन्हें बेहतर इलाज की जरूरत है।