नगर आयुक्त ने वाहन विभाग की बैठक में दिए सख्त निर्देश – बीमा, GPS और रूट मॉनिटरिंग पर विशेष जोर
गोरखपुर। नगर आयुक्त गौरव सिंह सोगरवाल की अध्यक्षता में नगर निगम के वाहन विभाग की समीक्षा बैठक आयोजित की गई, जिसमें अपर नगर आयुक्त निरंकार सिंह, सहायक नगर आयुक्त (प्रभारी वाहन) अविनाश प्रताप सिंह सहित विभागीय कर्मचारी उपस्थित रहे। बैठक में नगर आयुक्त ने वाहन संचालन, रखरखाव और निगरानी व्यवस्था को और अधिक सुदृढ़ बनाने हेतु कई महत्वपूर्ण निर्देश जारी किए।
नगर आयुक्त ने सबसे पहले निर्देश दिया कि VC बंगले पर स्थित वाहन वर्कशॉप को शीघ्र महेवा में स्थानांतरित किया जाए। महेवा वर्कशॉप में ड्राइवरों के लिए पीने के पानी, पंखे, सीसीटीवी कैमरे, शौचालय और बैठने की उचित व्यवस्था सुनिश्चित करने के भी आदेश दिए गए।
उन्होंने कहा कि नगर निगम के सभी वाहनों की पार्किंग व्यवस्था शहर से बाहर की जाए, ताकि यातायात पर अतिरिक्त दबाव न पड़े। इसके साथ ही सभी वाहनों का बीमा (इंश्योरेंस) समय पर कराया जाए और प्रत्येक वाहन को GPS सिस्टम से सुसज्जित किया जाए, जिससे रियल-टाइम ट्रैकिंग और निगरानी संभव हो सके। नगर आयुक्त ने वाहन विभाग को सभी वाहनों का डेटाबेस तैयार करने हेतु सॉफ्टवेयर विकसित करने और एक कंप्लीट डेस्क सिस्टम बनाने के निर्देश भी दिए।
उन्होंने आगे कहा कि नई ट्रॉलियों के शामिल होने के बाद पुरानी ट्रॉलियों की नीलामी प्रक्रिया शीघ्र प्रारंभ की जाए। वहीं, शव वाहन की खरीद की कार्यवाही को भी जल्द से जल्द पूर्ण करने के निर्देश दिए गए।
बैठक में यह निर्णय लिया गया कि VTMS (Vehicle Tracking Management System) से संबंधित बैठकें नियमित रूप से आयोजित की जाएं ताकि वाहनों की निगरानी और रिपोर्टिंग में पारदर्शिता बनी रहे। नगर आयुक्त ने स्पष्ट कहा कि कार्य न करने वाले ड्राइवरों की सेवा समाप्त की जाए, और अब तक जिन ड्राइवरों को हटाया गया है, उनकी जानकारी अद्यतन रखी जाए।
सफाई व्यवस्था को लेकर नगर आयुक्त ने कहा कि डोर-टू-डोर कचरा संग्रहण वाहनों पर गीत (जिंगल्स) लगातार बजने चाहिए ताकि नागरिकों को वाहन की आवाजाही की सूचना मिलती रहे। प्रत्येक वार्ड में 100 प्रतिशत घरों तक वाहन पहुंचना सुनिश्चित किया जाए, और कर्मचारियों से रूट मैप सुधार का प्रमाणपत्र लिया जाए।
उन्होंने यह भी कहा कि सभी ड्राइवर पूर्ण ड्रेस कोड में ही ड्यूटी करें और सफाई व्यवस्था, वाहन संचालन तथा निगरानी में किसी भी प्रकार की लापरवाही बिलकुल बर्दाश्त नहीं की जाएगी। नगर आयुक्त ने सभी अधिकारियों से कहा कि वे दिए गए सभी निर्देशों का तत्काल प्रभाव से अनुपालन सुनिश्चित करें, ताकि नगर निगम की कार्यप्रणाली और सेवा स्तर में सुधार हो सके।