एसडीएम सदर ने लेखपालों को लगाई कड़ी हिदायत “आवेदकों को समय पर मिले हर सेवा का लाभ”
गोरखपुर।
सदर तहसील सभागार में शनिवार को आयोजित समीक्षा बैठक में एसडीएम सदर दीपक गुप्ता ने राजस्व विभाग के कार्यों की सख्त समीक्षा करते हुए स्पष्ट निर्देश जारी किए। बैठक में उनके साथ डिप्टी कलेक्टर/तहसीलदार ज्ञान प्रताप सिंह, सभी नायब तहसीलदार, कानूनगो और लेखपाल उपस्थित रहे।
एसडीएम ने कहा कि शासन की मंशा है कि हर नागरिक को उसकी पात्रता के अनुसार समय पर सेवाएं मिलें। इसलिए कोई भी कार्य अनावश्यक रूप से लंबित नहीं रहना चाहिए। उन्होंने चेतावनी देते हुए कहा, “कोई लेखपाल आवेदक का इंतजार न करे, बल्कि स्वयं पहल कर लंबित फाइलों का निस्तारण करें।”
उन्होंने फॉर्मर रजिस्ट्री, ई-खसरा पड़ताल, आय, जाति व निवास प्रमाणपत्र, बरसात राहत कार्य, कन्या सुमंगला योजना और अन्य योजनाओं से संबंधित रिपोर्टों को समय सीमा के भीतर पोर्टल पर अनिवार्य रूप से अपलोड करने के निर्देश दिए।
कृषक दुर्घटना बीमा योजना पर विशेष जोर
एसडीएम दीपक गुप्ता ने मुख्यमंत्री कृषक दुर्घटना बीमा योजना को अत्यंत संवेदनशील बताते हुए कहा कि पात्र किसानों के मामलों को प्राथमिकता से निपटाया जाए। जिन किसानों की मृत्यु दुर्घटना में हुई हो, उनकी रिपोर्ट सटीकता और जिम्मेदारी के साथ तैयार की जाए और शीघ्र जिला समिति को भेजी जाए। किसी भी लापरवाही पर कठोर कार्रवाई की चेतावनी दी गई।
शहरी क्षेत्र में सरकारी भूमि चिह्नित करने का आदेश
शहरी क्षेत्र के लेखपालों को निर्देश दिया गया कि वे अपने क्षेत्रों में कम से कम डेढ़ एकड़ सरकारी भूमि चिह्नित करके उपलब्ध कराएं, ताकि उस पर विकास और सार्वजनिक उपयोग से जुड़े कार्य कराए जा सकें।
एसडीएम ने कहा कि राजस्व विभाग सरकार और जनता के बीच की सबसे महत्वपूर्ण कड़ी है। इसलिए पारदर्शिता, संवेदनशीलता और तत्परता के साथ कार्य करना ही कुशल प्रशासन की पहचान है।