गोरखपुर में दिव्यांग बच्चों के लिए ‘स्वावलंबन केंद्र’ का शुभारंभ, मिलेगी फिजियो व स्पीच थेरेपी
गोरखपुर। नेकवार रोड, राघवपट्टी पादरी, ब्रह्मपुर, गोरखपुर में दिव्यांग बच्चों के उज्ज्वल भविष्य एवं आत्मनिर्भरता को समर्पित ‘स्वावलंबन केंद्र’ का भव्य शुभारंभ किया गया। समाज की मुख्यधारा से दूर रह रहे दिव्यांग बच्चों के सपनों को नई उड़ान देने के उद्देश्य से पूर्वांचल ग्रामीण सेवा समिति द्वारा ‘समृद्धि परियोजना’ के अंतर्गत स्थापित इस केंद्र का उद्घाटन मुख्य अतिथि राघवेन्द्र यादव एवं समिति के निदेशक फादर शाजी जोसेफ एम. के करकमलों द्वारा संपन्न हुआ।
इस अवसर पर उपस्थित अतिथियों ने कहा कि यह केंद्र दिव्यांग बच्चों के पुनर्वास, शिक्षा एवं आत्मनिर्भरता की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल सिद्ध होगा। केंद्र में आधुनिक सुविधाओं के साथ फिजियोथेरेपी, स्पीच थेरेपी तथा विशेष शिक्षा जैसी सेवाएं विशेषज्ञों की टीम द्वारा प्रदान की जाएंगी। इससे ग्रामीण क्षेत्र के दिव्यांग बच्चों को बेहतर उपचार और प्रशिक्षण की सुविधाएं स्थानीय स्तर पर उपलब्ध हो सकेंगी।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए फादर शाजी जोसेफ एम. ने कहा, “दिव्यांगता कोई बाधा नहीं, बल्कि एक विशेष क्षमता है। ‘स्वावलंबन केंद्र’ के माध्यम से हमारा प्रयास उन बच्चों तक सुविधाएं पहुंचाना है जो अब तक संसाधनों के अभाव में पीछे रह गए थे। हमारा लक्ष्य उन्हें दया का पात्र नहीं, बल्कि समाज का गौरव बनाना है।”
मुख्य अतिथि राघवेन्द्र यादव ने इस पहल की सराहना करते हुए कहा कि ऐसे प्रयास ही एक समावेशी एवं संवेदनशील समाज की नींव को मजबूत करते हैं। उन्होंने इसे पूरे विकास खंड के लिए प्रेरणादायी कदम बताते हुए कहा कि समाज के हर वर्ग को दिव्यांग बच्चों के उत्थान के लिए आगे आना चाहिए।
कार्यक्रम में ग्राम जंगल रसूलपुर नंबर-02 एवं ग्राम लक्ष्मणपुर के ग्राम प्रधान प्रतिनिधियों सहित बड़ी संख्या में दिव्यांग बच्चे और उनके अभिभावक उपस्थित रहे। सभी ने ‘समृद्धि परियोजना’ के अंतर्गत विगत छह माह से किए जा रहे कार्यों की सराहना की और केंद्र के संचालन को सामाजिक बदलाव की दिशा में महत्वपूर्ण पहल बताया।
कार्यक्रम के अंत में समृद्धि परियोजना के प्रबंधक आनंद पांडेय ने सभी अतिथियों एवं उपस्थित लोगों के प्रति आभार व्यक्त किया। कार्यक्रम को सफल बनाने में परियोजना के समस्त स्टाफ ने सक्रिय सहयोग प्रदान किया।