अलीगंज तहसील की अव्यवस्थाओं पर अधिवक्ताओं का हल्ला बोल ;
एटा के अलीगंज तहसील में व्याप्त अनियमितताओं को लेकर अधिवक्ताओं ने आज बार एसोसिएशन अलीगंज के बैनर तले एडीएम वित्त और राजस्व लालता प्रसाद शाक्य को 10 सूत्रीय ज्ञापन सौंपा। बार एसोसिएशन के अध्यक्ष शेष कुमार तिवारी और सचिव प्रमोद कुमार सक्सेना के नेतृत्व में यह ज्ञापन दिया गया।
ज्ञापन में अधिवक्ताओं ने बताया कि दाखिल खारिज की पत्रावलियों में साक्षी पूर्ण होने के बावजूद उन्हें शपथ पत्र निकालकर निरस्त कर दिया जाता है। नक्शे में निस्तारण दिखा दिया जाता है, जिससे कई पत्रावलियां दाखिल खारिज नहीं हो पा रही हैं। अधिवक्ताओं ने इस मामले की जांच कर कार्रवाई की मांग की है।
न्यायालय उप जिलाधिकारी और तहसीलदार न्यायालयों में पुनर्स्थापना प्रार्थना पत्र देने के बाद भी लंबे समय तक वाद नहीं बढ़ पाते, जिससे उनका निस्तारण नहीं हो पाता। इसकी भी जांच की मांग की गई है। अधिवक्ताओं ने यह भी आरोप लगाया कि उप जिलाधिकारी, तहसीलदार और नायब तहसीलदार के न्यायालयों में पत्रावलियां मांगने पर पटल पर नहीं मिलतीं। उन्होंने मांग की कि पत्रावलियां पटल पर उपलब्ध कराई जाएं।
अधिवक्ताओं ने गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि तहसील अलीगंज से काफी पत्रावलियां गुम' हैं और उन्हें ढूंढने की मांग की। इसके अतिरिक्त, नायब तहसीलदार अलीगंज और जैथरा के पद खाली चल रहे हैं, जिनकी तत्काल नियुक्ति की मांग की गई है।
ज्ञापन में यह भी मांग की गई कि अंश संशोधन और सामान्य संशोधन प्रार्थना पत्रों को तहसीलदार द्वारा अनुमोदन के बाद एक सप्ताह में दर्ज कराया जाए। लेखपालों द्वारा जानबूझकर विरासत को निरस्त कर तहसीलदार पोर्टल में भेज दिया जाता है, जिसमें कई बार कहने के बाद भी सुधार नहीं हो पा रहा है। अधिवक्ताओं ने इसकी जांच कर सुधार कराने की मांग की।
अधिवक्ताओं ने कंप्यूटर फीडिंग समय पर कराने की भी मांग की। उन्होंने बताया कि कुछ खतौनियां आर दफ्तर और मुफ्ती खाने में भी उपलब्ध नहीं होतीं, जिससे मोइन के समय खतौनी उपलब्ध कराने में समस्या आती है। अधिवक्ताओं ने आर दफ्तर में मोइन के समय खतौनी उपलब्ध कराने की मांग की। इस दौरान बार एसोसिएशन अलीगंज के पदाधिकारी के साथ तहसील अलीगंज के सभी अधिवक्ता मौजूद रहे हैं।