पंचायत सचिवों की बहाली की मांग,
एटा।
जिले के विकास भवन पर सोमवार को सैकड़ों ग्राम विकास अधिकारियों ने धरना प्रदर्शन किया। प्रदर्शनकारियों ने निलंबित पंचायत सचिवों की बहाली और आर्थिक शोषण रोकने की मांग उठाई। यह प्रदर्शन उत्तर प्रदेश ग्राम विकास अधिकारी संघर्ष समन्वय समिति के बैनर तले किया गया।
प्रदर्शनकारियों ने बताया कि ग्राम विकास अधिकारी विकास यादव और विपिन कुमार को निलंबित किया गया है।
संघ के अध्यक्ष सुरेंद्र कुमार ने बताया कि बीते शनिवार को मुख्य विकास अधिकारी ने एक ग्राम पंचायत का निरीक्षण किया था। निरीक्षण के दौरान पंचायत सचिव अन्य पंचायत में कार्यरत होने के कारण अनुपस्थित पाए गए, जिसके बाद दोनों को बिना कारण बताओ नोटिस के निलंबित कर दिया गया।
संघ पदाधिकारियों का कहना है कि निलंबन की सूचना मिलने के बाद उन्होंने मुख्य विकास अधिकारी से वार्ता करने का प्रयास किया, लेकिन कोई सुनवाई नहीं हुई। बाद में सीडीओ ने उन्हें बताया कि निलंबन आदेश जारी हो चुका है और बहाली प्रक्रिया के तहत ही होगी।
समन्वय समिति ने आरोप लगाया कि यह कार्रवाई आर्थिक शोषण और उत्पीड़न का मामला है। अधिकारियों ने चेतावनी दी कि यदि मांगें पूरी नहीं की गईं, तो
1️⃣ सभी ग्राम पंचायत अधिकारी सरकारी सोशल मीडिया ग्रुप से बाहर हो जाएंगे,
2️⃣ और आगामी मंगलवार को विकास भवन बंद कर दिया जाएगा।
प्रदर्शन को राज्य कर्मचारी संयुक्त परिषद के संरक्षक सर्वेश यादव और महामंत्री दिग्विजय सिंह का समर्थन मिला। समिति ने कहा कि यदि प्रशासन ने शीघ्र समाधान नहीं निकाला, तो आंदोलन को और व्यापक रूप दिया जाएगा।