सिपाही संदीप कुमार ने दिखाई बहादुरी, जलते गैस सिलेंडर को तालाब में फेंककर टाली बड़ी दुर्घटना
सिपाही संदीप कुमार ने दिखाई बहादुरी, जलते गैस सिलेंडर को तालाब में फेंककर टाली बड़ी दुर्घटना
अछल्दा थाना क्षेत्र, बीसरमऊ मजरा जरेला, गैस सिलेंडर में आग, सिपाही संदीप कुमार, बहादुरी, आगजनी, औरैया समाचार
औरैया जिले के अछल्दा थाना क्षेत्र के बीसरमऊ मजरा जरेला गांव में शनिवार सुबह एक बड़ी दुर्घटना होते-होते टल गई। सुबह करीब 10:40 बजे खाना बनाते समय एक घर में अचानक गैस सिलेंडर में आग लग गई। इस दौरान इटैली चौकी पर तैनात सिपाही संदीप कुमार ने अदम्य साहस और सूझबूझ का परिचय देते हुए जलते सिलेंडर को तालाब में फेंककर न सिर्फ एक परिवार बल्कि पूरे मोहल्ले को बड़े हादसे से बचा लिया।
जानकारी के अनुसार, गांव निवासी पुष्पा देवी पत्नी शिवराम अपने घर पर खाना बना रही थीं। बताया गया कि शुक्रवार शाम को ही गैस एजेंसी से नया सिलेंडर आया था। खाना बनाते समय सिलेंडर से अचानक गैस रिसने लगी और कुछ ही क्षणों में उसमें आग लग गई। स्थिति बिगड़ते ही पुष्पा देवी घबराकर घर से बाहर भागीं और शोर मचाते हुए ग्रामीणों को सूचना दी। आग लगने से पूरे गांव में अफरा-तफरी मच गई।
घटना की सूचना मिलते ही पास के इटैली चौकी पर तैनात सिपाही संदीप कुमार मौके पर पहुंचे। उन्होंने बिना किसी देर किए अपनी जान की परवाह न करते हुए जलते सिलेंडर को घर के बाहर खींचा और नजदीक स्थित तालाब में फेंक दिया। ग्रामीणों के अनुसार, सिलेंडर तालाब में फेंके जाने के बाद भी करीब 25 मिनट तक जलता रहा, लेकिन इस साहसिक कदम से किसी भी प्रकार की जनहानि या बड़े नुकसान की संभावना टल गई।
सिपाही संदीप कुमार की इस त्वरित और साहसिक कार्रवाई की ग्रामीणों ने भूरि-भूरि प्रशंसा की। गांव के लोगों ने कहा कि अगर समय रहते यह कदम न उठाया गया होता तो आसपास के कई घरों में आग फैल सकती थी। वहीं, पुलिस विभाग के अधिकारियों ने भी संदीप कुमार के इस कार्य की सराहना करते हुए उन्हें बहादुरी का प्रतीक बताया।
उनकी सतर्कता और साहसिक निर्णय ने यह साबित कर दिया कि विपरीत परिस्थितियों में भी यदि हिम्मत और सूझबूझ से काम लिया जाए, तो किसी बड़ी आपदा को टाला जा सकता है।