नरैनी में शिवशक्ति अखाड़े का हुंकार
नरैनी में शिवशक्ति अखाड़े का हुंकार
रामलीला मैदान से निकली भव्य शौर्य रैली, शस्त्र प्रदर्शन देख दंग रह गए लोग
नरैनी।सनातन संस्कृति की रक्षा और हिंदू समाज को संगठित करने के उद्देश्य से शिवशक्ति अखाड़ा द्वारा नगर में शौर्य प्रदर्शन एवं जनजागृति रैली का भव्य आयोजन किया गया। यह रैली ऐतिहासिक रामलीला मैदान से जयघोष के साथ प्रारंभ हुई, जो नगर के चारों प्रमुख मार्गों से गुजरते हुए मुख्य चौराहे पर पहुंचकर संपन्न हुई।रैली के दौरान नगर का वातावरण उस समय विशेष रूप से उत्साहपूर्ण हो गया, जब हनुमान चौक और मुख्य चौराहे पर अखाड़े के संन्यासियों द्वारा पारंपरिक शस्त्रों का प्रदर्शन किया गया। लाठी, तलवार सहित अन्य पारंपरिक हथियारों से किए गए शस्त्र अभ्यास को देखकर स्थानीय नागरिक मंत्रमुग्ध रह गए।इस अवसर पर संन्यासियों ने युवाओं को संबोधित करते हुए कहा कि वर्तमान समय में केवल शास्त्रों का ज्ञान ही नहीं, बल्कि आत्मरक्षा के लिए शस्त्र अभ्यास का ज्ञान भी आवश्यक है। उन्होंने समाज को शारीरिक रूप से सुदृढ़,अनुशासित और आत्मनिर्भर बनने का संदेश दिया।अखाड़े के संस्थापक मधु रामशरण शिवाजी ने अपने संबोधन में जातिवाद और सामाजिक भेदभाव पर कड़ा प्रहार किया। उन्होंने कहा कि यदि हिंदू समाज संगठित नहीं हुआ तो इसके गंभीर परिणाम भविष्य में सामने आ सकते हैं। उन्होंने स्पष्ट किया कि हिंदू राष्ट्र की संकल्पना तभी साकार होगी, जब समाज के अंतिम पंक्ति में खड़ा व्यक्ति भी अपनी सांस्कृतिक पहचान पर गर्व करेगा और राष्ट्र की रक्षा के लिए एकजुट रहेगा।आयोजक सोनू करवरिया के नेतृत्व में आयोजित इस कार्यक्रम में सैकड़ों की संख्या में सनातनी बंधु एवं युवा शामिल हुए। रैली के दौरान सुरक्षा एवं अनुशासन का विशेष ध्यान रखा गया।कार्यक्रम के समापन पर उपस्थित जनसमूह ने शिवशक्ति अखाड़े के सिद्धांतों का पालन करने तथा समाज और राष्ट्र की सुरक्षा के लिए सदैव तत्पर रहने का संकल्प लिया।