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समाजवादी पार्टी संस्थापक मुलायम सिंह यादव की पुण्यतिथि पर श्रद्धांजलि सभा

प्रकाशित: 11 Oct 2025

 समाजवादी पार्टी संस्थापक मुलायम सिंह यादव की पुण्यतिथि पर श्रद्धांजलि सभा, बीजेपी सरकार पर सपा नेताओं का हमला 

पैलानी। सपा संस्थापक एवं पूर्व मुख्यमंत्री मुलायम सिंह यादव की पुण्यतिथि पर ग्राम सोनामऊ में सपा नेता पुष्पेंद्र सिंह चुनाले द्वारा भव्य श्रद्धांजलि सभा का आयोजन किया गया। मुख्य अतिथि विशंभर प्रसाद निषाद ने अपने संबोधन में कहा कि मौजूदा भाजपा सरकार किसान, युवा, गरीब और पिछड़ों की नहीं, बल्कि पूंजीपतियों की हितैषी बनकर रह गई है। उन्होंने आरोप लगाया कि संविधान को कमजोर करने की साज़िश की जा रही है और समय रहते जनता नहीं चेती तो वोट का अधिकार तक छिन सकता है। उन्होंने कहा कि जीएसटी, महंगाई और बेरोजगारी ने जनता की कमर तोड़ दी है। पेट्रोल-डीजल, सोना-चांदी के दाम लगातार बढ़ रहे हैं, जबकि सरकारी नौकरियों की जगह कच्ची नौकरी देकर युवाओं का भविष्य खतरे में डाला जा रहा है।

 उन्होंने घोषणा की कि 2027 में सपा सरकार बनने पर युवाओं को पक्की नौकरी, किसानों को सस्ती खाद-बीज, यमुना नदी पर पुल का निर्माण और अन्ना पशु समस्या का समाधान कराया जाएगा। कार्यक्रम के विशिष्ट अतिथि एवं सपा जिला उपाध्यक्ष शिवकरण पाल ने मुलायम सिंह यादव के रक्षा मंत्री कार्यकाल को याद करते हुए कहा कि उन्होंने शहीदों का मान बढ़ाया, साथ ही मुफ्त सिंचाई, किसान दुर्घटना बीमा और गरीब-पिछड़ों के लिए योजनाएं लागू कर उदाहरण पेश किया। आयोजक पुष्पेंद्र सिंह चुनाले ने कहा कि क्षेत्र में खाद संकट और बिजली व्यवस्था चरमरा गई है। किसान समितियों में लंबी लाइनें लगाकर भी एक बोरी खाद के लिए भटक रहे हैं, जबकि सत्ता समर्थक लोग काला बाजारी कर रहे हैं। खराब ट्रांसफार्मर बदलने में हफ्तों लगते हैं और आवाज़ उठाने पर किसानों पर केस दर्ज कराए जाते हैं। उन्होंने युवाओं से अपील की कि 2027 में सरकार के साथ-साथ विधायक भी बदलना होगा, तभी क्षेत्र का विकास संभव है। इस दौरान गाजीपुर निवासी शुभम सिंह चौहान, सबादा के जितेंद्र वाल्मीकि, अमन शंखवार, अंकित गुप्ता, अनुराग पाल, गंगाचरण पाल सहित दर्जनों युवाओं ने सपा की सदस्यता ग्रहण की। सभी को पार्टी के राष्ट्रीय महासचिव द्वारा माला पहनाकर सम्मानित किया गया। कार्यक्रम में मुन्नीलाल यादव (अध्यक्षता), प्रमोद निषाद, अमर यादव, भैयालाल पाल, संतराम वाल्मीकि, विजय यादव, ब्रजेश यादव, चंद्रभान निषाद सहित सैकड़ों कार्यकर्ता मौजूद रहे।