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गाज़ियाबाद: साइबर क्राइम थाना पुलिस

प्रकाशित: 11 Oct 2025

गाज़ियाबाद। कमिश्नरेट गाज़ियाबाद की साइबर क्राइम थाना पुलिस ने एक बड़ी कार्रवाई करते हुए फोन पर बीमा पॉलिसी बेचने के नाम पर साइबर फ्रॉड करने वाले अन्तर्राज्यीय गिरोह के दो वांछित सदस्यों को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार अभियुक्तों की पहचान निशान्त त्यागी उर्फ काकू त्यागी और अनुज कुमार के रूप में हुई है। पुलिस ने उनके कब्जे से घटना में प्रयुक्त एक मोबाइल फोन बरामद किया है।

थाना साइबर क्राइम टीम के अनुसार, यह गिरोह विभिन्न बीमा कंपनियों जैसे रिलायंस, भारती हेक्सा, सिग्ना टीटीके, एचडीएफसी और बजाज के प्रतिनिधि बनकर लोगों को फोन करता था। आरोपी बीमा पॉलिसी को रिन्यू करने या अधिक लाभ देने का झांसा देकर पॉलिसी धारकों से पैसे अपने खातों में ट्रांसफर कराते थे। उसके बाद पीड़ितों को फर्जी और कूटरचित बीमा रसीदें भेजकर विश्वास दिलाया जाता था कि उनका प्रीमियम अपडेट हो गया है।

इससे पहले भी इस गिरोह के अन्य सदस्य—अमन अग्रवाल, राहुल यादव, आफताब आलम, राहुल शर्मा, दीपक, गर्वित त्यागी और जगजीत सिंह—को 26 जून 2025 को गिरफ्तार किया जा चुका है। उस समय पुलिस ने उनके पास से 26 मोबाइल फोन, 6 चेकबुक, 3 पासबुक, 14 एटीएम कार्ड, 4 सिम कार्ड, महिंद्रा थार और XUV 300 कार बरामद की थी। उस कार्रवाई में पुलिस ने लगभग 4.5 करोड़ रुपये की ठगी से जुड़े 4 राज्यों की 9 घटनाओं का खुलासा किया था।

पुलिस पूछताछ में आरोपी निशान्त त्यागी ने खुलासा किया कि वह वर्ष 2021 में नोएडा स्थित एक कंपनी में काम करता था जो विभिन्न बीमा पॉलिसियों की ग्राहक सेवा प्रदान करती थी। वहीं उसकी मुलाकात अमन अग्रवाल से हुई, जिसके बाद उसने अन्य साथियों के साथ मिलकर यह फर्जीवाड़ा शुरू किया। आरोपी पहले भी इसी तरह के एक साइबर फ्रॉड केस में थाना मधुबन बापूधाम से जेल जा चुका है। जेल से छूटने के बाद उसने फिर से वही अपराध शुरू कर दिया।

यह गैंग फर्जी खातों के माध्यम से ठगी की रकम ट्रांसफर कराता था। पुलिस के अनुसार, विलास, गणेश और भूपेश नामक व्यक्तियों द्वारा ठगी के लिए बैंक खाते उपलब्ध कराए जाते थे, जिनकी तलाश अब जारी है।

साइबर क्राइम थाना प्रभारी ने बताया कि गिरफ्तार दोनों अभियुक्तों से पूछताछ जारी है और गिरोह के बाकी सदस्यों के खिलाफ भी सबूत जुटाए जा रहे हैं। यह कार्रवाई गाज़ियाबाद पुलिस की साइबर अपराधों पर बढ़ती निगरानी और त्वरित कार्रवाई का परिणाम है।