जल जीवन मिशन के खुले हौज बने खतरा, बस्तौली में हादसों की आशंकालखीमपुर खीरी।जनपद लखीमपुर खीरी में जल जीवन मिशन की स्थिति गंभीर चिंता का विषय बन गई है। विकास खंड बिजुआ की ग्राम पंचायत बस्तौली में स्वच्छ...
जल जीवन मिशन के खुले हौज बने खतरा, बस्तौली में हादसों की आशंका
लखीमपुर खीरी।
जनपद लखीमपुर खीरी में जल जीवन मिशन की स्थिति गंभीर चिंता का विषय बन गई है। विकास खंड बिजुआ की ग्राम पंचायत बस्तौली में स्वच्छ पेयजल आपूर्ति के लिए चलाई जा रही योजना के अंतर्गत पाइपलाइन डालने हेतु खोदे गए हौज अब लोगों के लिए खतरा बनते जा रहे हैं।
गांव में जगह-जगह सड़कों के किनारे बने ये गहरे गड्ढे बरसात के मौसम में पानी और कीचड़ से भरकर दुर्घटनाओं को दावत दे रहे हैं। मोटरसाइकिल, साइकिल चालकों के साथ-साथ छोटे बच्चों के लिए यह स्थिति अत्यधिक खतरनाक साबित हो रही है। स्थानीय निवासी रमाकांत, आकाश कनौजिया, विनोद कुमार और संजीव कुमार ने बताया कि बरसात में बच्चे खेलते हुए इन गड्ढों में गिर सकते हैं और जान का भी खतरा है।
ग्राम प्रधान मनोज कुमार ने बताया कि कई स्थानों पर पाइपलाइन लीकेज की समस्या भी बनी हुई है। उन्होंने अधिकारियों को कई बार शिकायत की, लेकिन अब तक कोई समाधान नहीं हुआ। ग्राम पंचायत की आधी आबादी को ही स्वच्छ पेयजल उपलब्ध हो पा रहा है, जबकि शेष लोग अभी भी दूषित पानी पीने को मजबूर हैं।
स्थानीय लोगों का कहना है कि अधिकारियों ने ठेकेदारों को गड्ढे भरने और मरम्मत कार्य करने के निर्देश दिए थे, लेकिन जमीनी स्तर पर कोई कार्रवाई नहीं हुई। हालात यह हैं कि बारिश के दिनों में सड़कों पर कीचड़ और खुले गड्ढों की वजह से राहगीरों को भारी परेशानी झेलनी पड़ रही है।
लोगों ने मांग की है कि प्रशासन तत्काल हस्तक्षेप कर इन गड्ढों को भरवाए और पाइपलाइन की लीकेज समस्या का समाधान कराए। यदि समय रहते कदम नहीं उठाए गए तो कभी भी बड़ा हादसा हो सकता है। ग्रामीणों का कहना है कि स्वच्छ पेयजल योजना का लाभ सभी तक पहुंचना चाहिए और अधूरे कार्यों को शीघ्र पूरा किया जाए।
जल जीवन मिशन, जिसका उद्देश्य हर ग्रामीण परिवार तक नल से शुद्ध पेयजल पहुंचाना है, यदि लापरवाही के कारण दुर्घटनाओं का कारण बनता है तो योजना का असली उद्देश्य ही विफल हो जाएगा। ग्रामीणों की सुरक्षा और स्वास्थ्य को ध्यान में रखते हुए प्रशासन को जल्द से जल्द ठोस कदम उठाने की आवश्यकता है।