बाल विवाह रोकथाम को लेकर मदरसा में जागरूकता कार्यक्रम आयोजित
सीकर. बाल अधिकारिता विभाग सीकर की सहायक निदेशक डॉ. गार्गी शर्मा के निर्देशन में 100 दिवसीय जागरूकता अभियान के अंतर्गत बाल विवाह रोकथाम को लेकर एक विशेष जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया। यह कार्यक्रम मदरसा तालीमुल कुरआन मीडिल स्कूल में आयोजित हुआ, जिसमें बच्चों को बाल विवाह से होने वाले शारीरिक, मानसिक एवं सामाजिक दुष्परिणामों के बारे में विस्तार से जानकारी दी गई।
चाईल्ड हेल्पलाइन सीकर के जिला समन्वयक राहुल दानोदिया ने बताया कि कार्यक्रम के दौरान बच्चों को बाल विवाह प्रतिषेध अधिनियम 2006 के प्रावधानों से अवगत कराया गया। उन्होंने बताया कि बाल विवाह में शामिल होने वाले हलवाई, पंडित, फोटोग्राफर, टेंटवाला, डीजे संचालक, बाराती सहित सभी सहभागियों के लिए अधिनियम में दो वर्ष तक की सजा का प्रावधान है। साथ ही बच्चों को बाल विवाह रोकथाम की शपथ भी दिलाई गई।
कार्यक्रम में यह भी बताया गया कि यदि कहीं भी बाल विवाह होता दिखाई दे तो इसकी सूचना तुरंत जिला प्रशासन या चाइल्ड हेल्पलाइन 1098 पर दी जाए। सूचना देने वाले की पहचान गोपनीय रखी जाती है। इसके अलावा बच्चों को लैंगिक अपराधों से बच्चों का संरक्षण अधिनियम 2012 (पोक्सो एक्ट) तथा गुड टच और बैड टच के बारे में भी विस्तार से समझाया गया।
मदरसा के प्रधानाध्यापक मोहम्मद खालिद चौहान ने चाईल्ड हेल्पलाइन की सेवाओं की सराहना करते हुए बच्चों व शिक्षकों से अपील की कि आसपास कहीं भी बाल विवाह की जानकारी मिले तो तुरंत इसकी सूचना दें। कार्यक्रम में शिक्षा अनुदेशक तथा चाइल्ड हेल्पलाइन 1098 टीम से सुपरवाइजर सुनीता एवं कृष्णकांत भी उपस्थित रहे।