यूडीएच मंत्री झाबर सिंह खर्रा ने कौशल रथ को दिखाई हरी झंडी
सीकर. भारत सरकार के कौशल विकास एवं उद्यमिता मंत्रालय के अंतर्गत ‘स्किल इंडिया मिशन – कौशल भारत, कुशल भारत’ अभियान को गति देते हुए बुधवार को ग्रामीण महिला शिक्षण संस्थान, सीकर में कौशल रथ को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया गया। राजस्थान सरकार के नगरीय विकास, आवासन एवं स्वायत्त शासन मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) झाबर सिंह खर्रा ने कार्यक्रम में उपस्थित रहकर कौशल रथ को रवाना किया, जबकि केंद्रीय कौशल विकास एवं उद्यमिता राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) तथा शिक्षा राज्य मंत्री जयंत चौधरी ने वीडियो संदेश के माध्यम से युवाओं को संबोधित किया।
कार्यक्रम की अध्यक्षता रामेश्वरलाल रणवा ने की। इस अवसर पर पूर्व सांसद स्वामी सुमेधानंद सरस्वती तथा ग्रामीण महिला शिक्षण संस्थान के पूर्व अध्यक्ष एवं शिक्षाविद् चैन सिंह आर्य विशिष्ट अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। कार्यक्रम में संस्थान की विभिन्न क्षेत्रों में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाली छात्राओं एवं प्रतिभाओं का सम्मान भी किया गया।
यूडीएच मंत्री झाबर सिंह खर्रा ने अपने संबोधन में कहा कि प्राचीन भारत में गुरुकुल शिक्षा पद्धति के माध्यम से व्यक्ति की रुचि और क्षमता के अनुसार कौशल विकास किया जाता था, जिससे देश समृद्ध बना। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में आज पुनः कौशल विकास को प्राथमिकता दी जा रही है, ताकि युवाओं को रोजगार और स्वरोजगार के अवसर मिल सकें। उन्होंने विशेष रूप से बालिकाओं को आगे बढ़ने और आत्मनिर्भर बनने के लिए प्रेरित किया।
एनएसडीसी, नई दिल्ली के डीजीएम संदीप कतना ने बताया कि कौशल रथ सीकर जिले के गांव-गांव जाकर 2500 से अधिक युवाओं को उद्यमिता, वित्तीय एवं डिजिटल कौशल का प्रशिक्षण देगा। पांच दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम के अंतर्गत प्रतिदिन दो घंटे का प्रशिक्षण प्रदान कर प्रतिभागियों को प्रमाण पत्र दिए जाएंगे।
कार्यक्रम में पायल चौधरी, रिंकू कुमारी, रितु, रीना, प्रियंका कुमावत, वंशिका एवं डिंपी सहित अन्य प्रतिभाओं को सम्मानित किया गया। साथ ही संस्थान के विकास में सहयोग देने वाले भामाशाहों का भी अभिनंदन किया गया। इस अवसर पर पूर्व विधायक जोगिंदर सिंह अवाना, जिला अध्यक्ष मनोज बाटड़, जिला शिक्षा अधिकारी सुरेंद्र सिंह शेखावत सहित अनेक गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे।