कुलगुरु प्रो. पुष्पेन्द्र सिंह चौहान ने कृषि महाविद्यालय फतेहपुर-शेखावाटी का किया निरीक्षण
फतेहपुर/सीकर. श्री कर्ण नरेंद्र कृषि विश्वविद्यालय, जोबनेर के कुलगुरु माननीय प्रोफेसर पुष्पेन्द्र सिंह चौहान ने कृषि महाविद्यालय एवं अनुसंधान केन्द्र, फतेहपुर-शेखावाटी का निरीक्षण किया। इस अवसर पर महाविद्यालय एवं अनुसंधान केन्द्र के अधिष्ठाता एवं क्षेत्रीय निदेशक अनुसंधान डॉ. संजय कुमार अत्तर ने कुलगुरु का पारंपरिक साफा पहनाकर एवं बुके भेंट कर स्वागत किया तथा सभी अधिकारियों एवं कर्मचारियों का परिचय कराया।
निरीक्षण के दौरान पॉवर पॉइंट प्रेजेंटेशन के माध्यम से महाविद्यालय में संचालित शैक्षणिक, अनुसंधान एवं अन्य गतिविधियों की विस्तृत जानकारी दी गई। डॉ. अत्तर ने बताया कि केन्द्र पर गेहूं, जौ, सरसों एवं चना का बड़े पैमाने पर बीज उत्पादन किया जा रहा है। उन्होंने यह भी बताया कि विद्यार्थियों की प्रवेश वरीयता में जोबनेर के बाद कृषि महाविद्यालय फतेहपुर-शेखावाटी लगातार वर्ष 2013 से दूसरे स्थान पर बना हुआ है।
डॉ. अत्तर ने जानकारी दी कि वर्ष 2025-26 की इंटर कॉलेजिएट टूर्नामेंट प्रतियोगिताओं में महाविद्यालय ने जनरल चैंपियनशिप हासिल कर संस्थान का नाम रोशन किया है। साथ ही बताया कि कृषि अनुसंधान केन्द्र की स्थापना वर्ष 1984 में हुई थी और वर्तमान में यह विश्वविद्यालय स्तर पर सर्वाधिक गेहूं, जौ, सरसों एवं चना बीज उत्पादन दर्ज करवा रहा है, जिस पर कुलगुरु ने संतोष व्यक्त किया।
कुलगुरु प्रो. चौहान ने शैक्षणिक कर्मचारियों के साथ बैठक कर उद्यान गतिविधियों, ई-लाइब्रेरी, लैंडस्केपिंग एवं प्रयोगशालाओं के विकास के निर्देश दिए। उन्होंने महाविद्यालय परिसर को और अधिक सुंदर व आधुनिक बनाने तथा कन्या छात्रावास के विस्तार हेतु प्रस्ताव तैयार करने को भी कहा। इसके साथ ही अकादमिक प्रशासनिक भवन, पुस्तकालय एवं छात्रावास का निरीक्षण कर आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।
कुलगुरु ने अपने संबोधन में कहा कि कृत्रिम बुद्धिमत्ता कृषि क्षेत्र में क्रांतिकारी बदलाव ला रही है, जिससे खेती अधिक सटीक, लाभकारी और टिकाऊ बन रही है। इस अवसर पर विश्वविद्यालय के निदेशक अनुसंधान डॉ. उम्मेद सिंह सहित अनेक अधिकारी, शिक्षक, कर्मचारी एवं विद्यार्थी उपस्थित रहे।