अनूपपुर।श्रमिक आंदोलन के अमर शहीद कामरेड मदन मोहन सिंह की शहादत दिवस पर 7 फरवरी को जमुना–कोतमा क्षेत्र भावनाओं से सराबोर रहा। एसकेएमएस एटक के तत्वावधान में आयोजित श्रद्धांजलि सभा में हजारों की संख्या ...
अनूपपुर।
श्रमिक आंदोलन के अमर शहीद कामरेड मदन मोहन सिंह की शहादत दिवस पर 7 फरवरी को जमुना–कोतमा क्षेत्र भावनाओं से सराबोर रहा। एसकेएमएस एटक के तत्वावधान में आयोजित श्रद्धांजलि सभा में हजारों की संख्या में मजदूर, जनप्रतिनिधि और गणमान्य नागरिकों ने शहीद को नमन किया। पूरा क्षेत्र “शहीद कामरेड मदन मोहन सिंह अमर रहें” के नारों से गूंज उठा।
कार्यक्रम के मुख्य अतिथि एसकेएमएस एटक के केंद्रीय अध्यक्ष कन्हैया सिंह रहे। उन्होंने शहीद की प्रतिमा पर पुष्पांजलि अर्पित कर श्रद्धांजलि दी और उनके संघर्षपूर्ण जीवन को श्रमिक आंदोलन की अमूल्य धरोहर बताया।
सभा में नगर पालिका परिषद पसान के अध्यक्ष राम अवध सिंह, भाजपा मंडल अध्यक्ष मिंटू सिंह, डॉ. मनोज सिंह, एसकेएमएस एटक के क्षेत्रीय महामंत्री अयाज अली, क्षेत्रीय अध्यक्ष प्रमोद खनडई, निशा मिश्रा, संतोष श्रीवास्तव, एचएमएस जमुना–कोतमा क्षेत्र के अध्यक्ष श्रीकांत शुक्ला, ऋषि तिवारी, बीएमएस के सरजू, मुबारक अली, समीम भाई, अबू बख्श सहित भालूमाड़ा नगर के अनेक संभ्रांत नागरिक बड़ी संख्या में उपस्थित रहे।
मुख्य अतिथि कन्हैया सिंह ने अपने संबोधन में कहा कि “स्वर्गीय कामरेड मदन मोहन सिंह मजदूरों के सच्चे रहनुमा थे। उन्होंने मजदूरों के हक, सम्मान और न्याय के लिए आजीवन संघर्ष किया और उसी संघर्ष में शहादत पाई। उनका बलिदान आने वाली पीढ़ियों के लिए प्रेरणास्त्रोत है।”
नगर पालिका अध्यक्ष राम अवध सिंह ने कहा कि “कामरेड मदन मोहन सिंह ने अन्याय के खिलाफ निर्भीक आवाज़ बुलंद की और मजदूरों को संगठित करने का ऐतिहासिक कार्य किया। उनका जीवन सामाजिक न्याय की मिसाल है।”
एसकेएमएस एटक के क्षेत्रीय महामंत्री अयाज अली ने कहा कि “शहीद मदन मोहन सिंह ने मजदूरों के अधिकारों से कभी समझौता नहीं किया। उनकी शहादत हमें यह संकल्प दिलाती है कि श्रमिक हितों की लड़ाई पूरी मजबूती के साथ जारी रहेगी।”
कार्यक्रम के अंत में उपस्थित जनसमूह ने दो मिनट का मौन रखकर शहीद को श्रद्धांजलि अर्पित की और उनके अधूरे सपनों को पूरा करने का सामूहिक संकल्प लिया।