बुलंदशहर। ऊंचागांव विकासखंड के अंतर्गत आने वाले लड़ाना गांव में सफाई व्यवस्था पूरी तरह से चरमरा गई है। गांव में कार्यरत सफाई कर्मी के लंबे समय से अनुपस्थित रहने के कारण नालियां जाम पड़ी हैं और गलियों ...
बुलंदशहर। ऊंचागांव विकासखंड के अंतर्गत आने वाले लड़ाना गांव में सफाई व्यवस्था पूरी तरह से चरमरा गई है। गांव में कार्यरत सफाई कर्मी के लंबे समय से अनुपस्थित रहने के कारण नालियां जाम पड़ी हैं और गलियों में कूड़े-कचरे का अंबार लगा हुआ है। बदहाल स्थिति से परेशान ग्रामीण अब खुद ही सफाई करने को मजबूर हैं।
ग्रामीणों का कहना है कि उन्होंने कई बार संबंधित अधिकारियों से शिकायत की, लेकिन कोई सुनवाई नहीं हुई। सबसे पहले ग्रामीणों ने ग्राम पंचायत अधिकारी (सचिव) को मौखिक रूप से सफाई की समस्या बताई थी, लेकिन वहां से कोई कार्रवाई नहीं हुई। इसके बाद खंड विकास अधिकारी (बीडीओ) को भी शिकायत भेजी गई और उनके व्हाट्सएप नंबर पर गांव की गंदगी की तस्वीरें भेजी गईं, मगर फिर भी हालात जस के तस बने रहे।
गांव के निवासी प्रवेश कुमार शर्मा ने बताया कि सफाई कर्मी महीनों से गांव नहीं आया है, जिसके कारण नालियों में बदबू फैल रही है और मच्छरों का प्रकोप बढ़ गया है। उन्होंने कहा कि ग्राम प्रधान को भी इस समस्या की जानकारी दी गई थी। प्रधान ने सफाई कर्मी को बुलाने के निर्देश दिए, लेकिन वह गांव नहीं पहुंचा।
जब सभी स्तरों पर शिकायत करने के बाद भी कोई समाधान नहीं मिला, तो ग्रामीणों ने मुख्यमंत्री पोर्टल पर शिकायत दर्ज कराई। शिकायतकर्ता प्रवेश कुमार शर्मा ने मुख्यमंत्री पोर्टल पर भेजे गए आवेदन में जिला स्तर के अधिकारी से स्थलीय निरीक्षण कराकर दोषी सफाई कर्मी के खिलाफ विभागीय कार्रवाई की मांग की है। इसके साथ ही कुछ ग्रामीणों ने 1076 हेल्पलाइन नंबर पर भी शिकायत दर्ज कराई है।
ग्रामीणों का कहना है कि यह कोई पहली बार नहीं है, जब सफाई कर्मी के खिलाफ शिकायत की गई हो। पहले भी कई बार शिकायतें की जा चुकी हैं, लेकिन प्रशासन की ढिलाई के कारण कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया। इससे सफाई कर्मी पर कोई असर नहीं पड़ता और वह मनमाने ढंग से काम करता है।
इस पूरे मामले में सहायक खंड विकास अधिकारी (एबीडीओ) राजेश राघव ने बताया कि शिकायत मिलने के बाद संबंधित सफाई कर्मी को कारण बताओ नोटिस जारी कर दिया गया है। उन्होंने कहा कि यदि सफाई कर्मी से संतोषजनक जवाब नहीं मिला, तो उसके खिलाफ विभागीय कार्रवाई की जाएगी। ग्रामीणों को उम्मीद है कि इस बार समस्या का स्थायी समाधान होगा और गांव में जल्द ही सफाई कार्य शुरू किया जाएगा।