गोरखपुर लिंक एक्सप्रेसवे पर 153 एकड़ में बनेगा मैन्युफैक्चरिंग एवं लॉजिस्टिक्स क्लस्टर, निवेश और रोजगार को मिलेगी रफ्तार : गोरखपुर लिंक एक्सप्रेसवे के किनारे 153 एकड़ में औद्योगिक भूखंडों का होगा आवंटन, निवेश, रोजगार और लॉजिस्टिक्स को मिलेगी नई रफ्तार।
विभव पाठक, ब्यूरो चीफ
गोरखपुर, 5 अगस्त। गोरखपुर लिंक एक्सप्रेसवे अब केवल तेज और सुगम यातायात का माध्यम नहीं रहेगा, बल्कि पूर्वांचल में औद्योगिक विकास और रोजगार सृजन का नया केंद्र भी बनेगा। योगी सरकार की महत्वाकांक्षी योजना के तहत एक्सप्रेसवे के किनारे अत्याधुनिक इंटीग्रेटेड मैन्युफैक्चरिंग एंड लॉजिस्टिक्स क्लस्टर विकसित किया जा रहा है। इसके पहले चरण में गोरखपुर जिले में 153 एकड़ भूमि पर औद्योगिक भूखंडों के आवंटन की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है।
उत्तर प्रदेश एक्सप्रेसवे औद्योगिक विकास प्राधिकरण (यूपीडा) की इस परियोजना के तहत खजनी तहसील के बहादुरपुर खुर्द और बहादुरपुर बुजुर्ग गांवों में उद्योगों और लॉजिस्टिक्स इकाइयों के लिए भूमि उपलब्ध कराई जाएगी। यहां टेक्सटाइल, एग्रो एवं फूड प्रोसेसिंग, ऑटोमोबाइल स्पेयर पार्ट्स, इलेक्ट्रॉनिक्स, पैकेजिंग तथा वेयरहाउसिंग एवं लॉजिस्टिक्स से जुड़े उद्योग स्थापित किए जाएंगे।
इस परियोजना से स्थानीय युवाओं के लिए रोजगार के नए अवसर पैदा होंगे। प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष रूप से हजारों लोगों को रोजगार मिलने की संभावना है। साथ ही किसानों और व्यापारियों को अपने उत्पाद कम लागत और कम समय में देश के विभिन्न बाजारों तक पहुंचाने की सुविधा मिलेगी, जिससे क्षेत्र की अर्थव्यवस्था को नई मजबूती मिलेगी।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में बेहतर कानून-व्यवस्था, निवेशक-अनुकूल नीतियों और मजबूत सड़क नेटवर्क के कारण गोरखपुर निवेशकों के लिए आकर्षण का केंद्र बन रहा है। गोरखपुर लिंक एक्सप्रेसवे के जरिए पूर्वांचल एक्सप्रेसवे और लखनऊ-आगरा एक्सप्रेसवे से बेहतर संपर्क स्थापित होने से औद्योगिक निवेश की संभावनाएं और बढ़ी हैं।
जिलाधिकारी दीपक मीणा ने बताया कि 153 एकड़ औद्योगिक भूखंडों के आवंटन के लिए निवेश मित्र पोर्टल पर आवेदन प्रक्रिया शुरू हो चुकी है। उन्होंने कहा कि बेहतर कनेक्टिविटी, उपलब्ध औद्योगिक भूमि और अनुकूल निवेश वातावरण के कारण देश-प्रदेश के बड़े उद्योग समूह गोरखपुर में निवेश को लेकर रुचि दिखा रहे हैं। यह क्लस्टर भविष्य में गोरखपुर को प्रदेश के प्रमुख औद्योगिक और आर्थिक केंद्र के रूप में स्थापित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा।